मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर के गोरखनाथ मंदिर में जनता दर्शन कार्यक्रम के दौरान लगभग 200 लोगों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी समस्याओं का त्वरित और संतोषजनक निस्तारण किया जाए। गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए आर्थिक मदद की मांग करने वालों को आश्वस्त किया कि धन की कमी से कोई इलाज नहीं रुकेगा। इसके साथ ही, उन्होंने गोशाला में गोवंशों—भवानी और भोलू—के साथ समय बिताते हुए उनकी देखभाल का भी ध्यान रखा। यह कार्यक्रम जनता के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता और गोसेवा के प्रति मुख्यमंत्री के स्नेह को दर्शाता है।
विज्ञापन
गोरखपुर, 2 नवंबर: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में गोरखनाथ मंदिर के प्रांगण में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में करीब 200 लोगों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि समस्याओं का त्वरित और संतोषजनक निस्तारण किया जाए।
जनता के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार जनता की समस्याओं के समाधान के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने अफसरों को चेतावनी दी कि किसी भी नागरिक के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने भू माफियाओं और दबंगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया, ताकि सभी को बिना भेदभाव न्याय मिल सके।
स्वास्थ्य सहायता का आश्वासन
जनता दर्शन में गंभीर बीमारियों का सामना कर रहे लोगों ने आर्थिक मदद की गुहार लगाई। मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वस्त किया कि धन के अभाव में किसी का इलाज नहीं रुकेगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जरूरतमंदों के उच्च स्तरीय इलाज का आकलन शीघ्रता से किया जाए, ताकि सरकार तुरंत धन उपलब्ध करा सके।
गोसेवा का विशेष महत्व
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोशाला में भी समय बिताया, जहां उन्होंने दो मिनिएचर नस्ल के गोवंश—भवानी और भोलू—से खास स्नेह प्रकट किया। उन्होंने इन गोवंशों को गुड़ खिलाया और गोशाला के कार्यकर्ताओं को देखभाल के निर्देश दिए। यह गोवंश आंध्र प्रदेश से लाए गए हैं, और मुख्यमंत्री ने उनका नामकरण भी किया था। सीएम योगी ने कहा कि गोसेवा उनके लिए एक महत्वपूर्ण दिनचर्या है, और वे जब भी गोरखनाथ मंदिर प्रवास पर आते हैं, भवानी और भोलू का हाल अवश्य जानते हैं। उनके स्नेह के कारण ये गोवंश भी मुख्यमंत्री से गहरा अपनत्व महसूस करते हैं।
निष्कर्ष
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह दौरा न केवल जनता की समस्याओं के समाधान के प्रति उनकी संवेदनशीलता को दर्शाता है, बल्कि गोसेवा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को भी उजागर करता है।
COMMENTS