उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा आयोजित आरक्षी भर्ती परीक्षा-2026 को पूरी तरह नकलविहीन, पारदर्शी और शांतिपूर्ण बनाने के लिए गाजियाबाद प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने स्वयं परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा आयोजित होने वाली आरक्षी नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2026 की ऑफलाइन लिखित परीक्षा को लेकर गाजियाबाद जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क और सक्रिय दिखाई दे रहा है। लाखों युवाओं के भविष्य से जुड़ी इस महत्वपूर्ण परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी एवं नकलविहीन तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने सोमवार को विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर तैयारियों का विस्तृत जायजा लिया।
जिलाधिकारी के निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अनियमितता, लापरवाही या सुरक्षा में चूक न होने पाए। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षा की शुचिता बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस दिशा में किसी भी स्तर पर समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
सुरक्षा व्यवस्थाओं का लिया विस्तृत जायजा
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों के प्रवेश की व्यवस्था, सुरक्षा प्रबंध, सीसीटीवी निगरानी, बायोमैट्रिक सत्यापन प्रक्रिया, बैठने की व्यवस्था तथा परीक्षा संचालन से जुड़ी अन्य व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण किया।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश प्रक्रिया पूरी तरह व्यवस्थित और पारदर्शी होनी चाहिए। किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जाए और सुरक्षा एजेंसियों के साथ निरंतर समन्वय बनाए रखा जाए।
जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिए कि परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। सभी व्यवस्थाएं पूर्व निर्धारित मानकों के अनुरूप सुनिश्चित की जाएं।

दो प्रमुख परीक्षा केंद्रों का किया निरीक्षण
निरीक्षण अभियान के तहत जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने शहर के प्रमुख परीक्षा केंद्रों सेठ मुकुन्द लाल इंटर कॉलेज तथा नगर पालिका बालिका इंटर कॉलेज का दौरा किया।
इन दोनों केंद्रों पर उन्होंने परीक्षा संचालन से जुड़ी तैयारियों की समीक्षा की और अधिकारियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त की। उन्होंने केंद्र व्यवस्थापकों से सुरक्षा, तकनीकी व्यवस्थाओं तथा परीक्षा संचालन संबंधी योजनाओं के बारे में भी जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने परीक्षा कक्षों, प्रवेश द्वारों, नियंत्रण कक्षों और सुरक्षा व्यवस्थाओं का भी अवलोकन किया।
बायोमैट्रिक सत्यापन पर विशेष जोर
भर्ती परीक्षाओं में फर्जी अभ्यर्थियों और नकल माफियाओं की गतिविधियों को रोकने के लिए इस बार बायोमैट्रिक सत्यापन प्रक्रिया को विशेष महत्व दिया जा रहा है।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि बायोमैट्रिक सत्यापन प्रक्रिया में किसी प्रकार की तकनीकी बाधा न आने पाए। सभी उपकरणों की समय रहते जांच कर ली जाए तथा तकनीकी टीम को पूरी तरह तैयार रखा जाए।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक अभ्यर्थी की पहचान का सत्यापन निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार किया जाए ताकि परीक्षा की विश्वसनीयता बनी रहे।
"लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं होगी"
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने अधिकारियों को सख्त संदेश देते हुए कहा कि परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता बनाए रखना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा,
"परीक्षा की शुचिता एवं पारदर्शिता बनाए रखें। किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। सभी व्यवस्थाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप सुनिश्चित की जाएं।"
उन्होंने यह भी कहा कि प्रत्येक अधिकारी और कर्मचारी को अपने दायित्वों का निर्वहन पूर्ण जिम्मेदारी, ईमानदारी और सतर्कता के साथ करना होगा।

अधिकारियों को दिए विशेष निर्देश
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निम्नलिखित महत्वपूर्ण निर्देश दिए—
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परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखी जाए।
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बायोमैट्रिक सत्यापन प्रक्रिया सुचारू रूप से संचालित हो।
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परीक्षा कक्षों में अनुशासन बनाए रखा जाए।
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किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना दी जाए।
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परीक्षा संचालन में लगे कर्मियों की जिम्मेदारी तय हो।
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अभ्यर्थियों के प्रवेश एवं निकासी की व्यवस्था व्यवस्थित रखी जाए।
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परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पेयजल एवं अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हों।
एसडीएम सदर सहित कई अधिकारी रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान एसडीएम सदर अरुण दीक्षित सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं परीक्षा संचालन से जुड़े कर्मचारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों से समन्वय बनाकर कार्य करने और परीक्षा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए।
युवाओं के भविष्य से जुड़ी है परीक्षा
आरक्षी भर्ती परीक्षा-2025 उत्तर प्रदेश के हजारों-लाखों युवाओं के भविष्य से जुड़ी महत्वपूर्ण परीक्षा है। ऐसे में प्रशासन की प्राथमिकता है कि परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी माहौल में संपन्न हो।
जिलाधिकारी के औचक निरीक्षण से यह स्पष्ट संकेत मिला है कि गाजियाबाद प्रशासन किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या नकल की कोशिश को लेकर पूरी तरह सतर्क है और परीक्षा की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए हर आवश्यक कदम उठाया जा रहा है।
परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा, तकनीक और प्रशासनिक सतर्कता का जो स्तर दिखाई दे रहा है, उससे अभ्यर्थियों के बीच भी विश्वास का माहौल बना है कि उनकी मेहनत का सही मूल्यांकन होगा और चयन प्रक्रिया निष्पक्ष रहेगी।
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