दिल्ली के पश्चिमी जिले में अवैध शराब की सप्लाई के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के दौरान स्पेशल स्टाफ ने एक कथित बल्क सप्लायर के नेटवर्क से जुड़े 23 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से 60 कार्टन में रखे 3,000 क्वार्टर अवैध शराब और परिवहन में इस्तेमाल Hyundai i10 Grand कार बरामद की गई। पुलिस के मुताबिक शराब सोनीपत, हरियाणा से दिल्ली के विभिन्न इलाकों में पहुंचाई जा रही थी। मामले में मुख्य सप्लायर और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है।
दिल्ली में अवैध शराब की बड़ी खेप पकड़ी गई, पुलिस के जाल में आया 23 साल का युवक
दिल्ली में अवैध शराब की सप्लाई के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है। इसी अभियान के तहत पश्चिमी जिले के स्पेशल स्टाफ ने तिलक नगर इलाके में कार्रवाई करते हुए अवैध शराब की बड़ी खेप के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी के कब्जे से 60 कार्टन में रखे 3,000 क्वार्टर अवैध शराब बरामद किए गए हैं।
शराब को एक सफेद रंग की Hyundai i10 Grand कार के जरिए दिल्ली में अलग-अलग स्थानों तक पहुंचाया जा रहा था। पुलिस ने शराब के साथ इस वाहन को भी जब्त कर लिया है। खास बात यह है कि पुलिस के मुताबिक जिस कार को रोका गया, उस पर रजिस्ट्रेशन नंबर नहीं था।
मामला सिर्फ शराब की बरामदगी तक सीमित नहीं है। पूछताछ में आरोपी ने कथित तौर पर एक ऐसे नेटवर्क की जानकारी दी है, जिसके तार सोनीपत, हरियाणा से दिल्ली के कई इलाकों तक जुड़े बताए जा रहे हैं।
18 अगस्त को मिली थी पुख्ता सूचना, फिर बिछाया गया जाल
पुलिस के मुताबिक 18 अगस्त 2026 को स्पेशल स्टाफ/वेस्ट डिस्ट्रिक्ट को सूचना मिली थी कि एक सफेद रंग की Hyundai i10 Grand कार आउटर रिंग रोड से तिलक नगर की तरफ जा रही है और उसमें अवैध शराब की सप्लाई की जा रही है।
सूचना को गंभीरता से लेते हुए स्पेशल स्टाफ ने तुरंत कार्रवाई की योजना बनाई।
इंस्पेक्टर राजेश कुमार मौर्य, प्रभारी स्पेशल स्टाफ के नेतृत्व में टीम तैयार की गई। टीम में SI संजीत राणा, ASI ओमप्रकाश, HC देवेंद्र, HC महेंद्र और कांस्टेबल गुरमीत शामिल थे।
यह कार्रवाई ACP/Operations राजेश कुमार की निगरानी में की गई।
पुलिस टीम ने सर्विस रोड, आउटर रिंग रोड, पिलर नंबर 26 के सामने, CRPF कैंप की दीवार के पास, तिलक नगर में जाल बिछाया।
पीरागढ़ी की तरफ से आई कार, पुलिस ने तुरंत रोका
पुलिस के अनुसार कुछ समय बाद पीरागढ़ी की तरफ से एक सफेद Hyundai i10 Grand कार आती दिखाई दी।
कार पर रजिस्ट्रेशन नंबर नहीं था।
पुलिस टीम ने वाहन को रोककर उसकी तलाशी ली। जांच के दौरान पुलिस को कार के अंदर बड़ी मात्रा में शराब मिली।
तलाशी में कुल 60 कार्टन बरामद हुए, जिनमें 3,000 क्वार्टर अवैध शराब बताई गई।
वाहन में मौजूद व्यक्ति की पहचान सौरभ गुप्ता, उम्र 23 वर्ष, के रूप में हुई।
पुलिस ने शराब और वाहन को कानून के तहत जब्त कर लिया और आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की।
पूछताछ में सामने आया सोनीपत से दिल्ली तक सप्लाई का कथित नेटवर्क
पुलिस के मुताबिक पूछताछ में सौरभ गुप्ता ने कथित तौर पर बताया कि करीब दो महीने पहले उसकी मुलाकात अवैध शराब के एक कथित सप्लायर रोहन, निवासी विजय विहार, रोहिणी, दिल्ली से हुई थी।
आरोपी के अनुसार वह सोनीपत जाता था, जहां मुबारिक नाम का व्यक्ति, जो कथित तौर पर रोहन के लिए काम करता था, उसे वाहन और शराब उपलब्ध कराता था।
पुलिस के मुताबिक शराब को सोनीपत स्थित शराब की दुकानों से वाहन में लोड किया जाता था और इसके बाद उसे दिल्ली लाया जाता था।
आरोपी ने कथित तौर पर बताया कि पिछले करीब दो महीनों में वह सोनीपत से शराब लेकर दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में पहुंचाता रहा।
इन इलाकों में तिलक नगर, विकासपुरी, राजौरी गार्डन और आनंद पर्वत शामिल बताए गए हैं।
आरोपी मुख्य सप्लायर के लिए ड्राइवर के तौर पर करता था काम
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी सौरभ गुप्ता, उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले के गांव जमुका का रहने वाला है और उसकी उम्र 23 वर्ष है।
पुलिस का दावा है कि आरोपी मुख्य सप्लायर के लिए ड्राइवर के रूप में काम करता था।
उसे कथित तौर पर अवैध शराब को एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने और डिलीवरी करने के बदले हर महीने एक निश्चित रकम दी जाती थी।
इस खुलासे के बाद पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस नेटवर्क में और कितने लोग शामिल हैं और दिल्ली में शराब की सप्लाई के पीछे कौन-कौन से लोग सक्रिय हैं।
कितनी हुई बरामदगी?
पुलिस की कार्रवाई में कुल:
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60 कार्टन अवैध शराब
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3,000 क्वार्टर अवैध शराब
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एक Hyundai i10 Grand कार, बिना रजिस्ट्रेशन नंबर
बरामद की गई है।
पुलिस के अनुसार इसी कार का इस्तेमाल अवैध शराब को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने के लिए किया जा रहा था।
दिल्ली एक्साइज एक्ट के तहत मामला दर्ज
कार्रवाई के बाद थाना तिलक नगर में दिल्ली एक्साइज एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस ने बताया कि आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद सौरभ गुप्ता को गिरफ्तार किया गया।
अब जांच का फोकस सिर्फ गिरफ्तार आरोपी तक सीमित नहीं है।
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि शराब की सप्लाई का मुख्य स्रोत कौन है, सोनीपत में शराब उपलब्ध कराने वाले लोग कौन हैं और दिल्ली में इसकी डिलीवरी लेने वाले अन्य व्यक्ति कौन-कौन हैं।
मुख्य सप्लायर तक पहुंचना पुलिस के सामने अगली चुनौती
इस कार्रवाई में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार करने के साथ शराब की बड़ी खेप और परिवहन में इस्तेमाल वाहन जब्त किया है। लेकिन जांच एजेंसियों के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती कथित मुख्य सप्लायर और नेटवर्क के अन्य सदस्यों तक पहुंचने की है।
पुलिस के अनुसार मामले में आगे की जांच जारी है और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।
फिलहाल तिलक नगर में हुई इस कार्रवाई ने यह जरूर दिखाया है कि दिल्ली पुलिस की नजर अवैध शराब की सप्लाई करने वाले नेटवर्क पर बनी हुई है। 3,000 क्वार्टर की यह खेप किस-किस तक पहुंचने वाली थी और इसके पीछे पूरा नेटवर्क कितना बड़ा है, इसका खुलासा आगे की जांच में होने की उम्मीद है।
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