गाजियाबाद में जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ की जनहितैषी कार्यशैली का असर अब जमीन पर दिखाई देने लगा है। कलेक्ट्रेट में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में लगातार बढ़ रही भीड़ इस बात का संकेत है कि आमजन का भरोसा शासन-प्रशासन पर मजबूत हुआ है। डीएम ने स्पष्ट कहा है कि राजस्व हानि और जनता का शोषण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
किसी भी जिले में जनता का प्रशासन पर भरोसा तब मजबूत होता है, जब उसकी समस्याओं को सुना जाए और उनका समाधान भी समयबद्ध तरीके से किया जाए। गाजियाबाद में इन दिनों कुछ ऐसा ही देखने को मिल रहा है। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ की कार्यशैली ने आम लोगों के बीच एक नई उम्मीद पैदा की है। यही वजह है कि कलेक्ट्रेट में आयोजित होने वाले जनता दर्शन कार्यक्रम में फरियादियों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने प्रतिदिन की तरह आम नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस दौरान राजस्व, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए), नगर निगम, विद्युत विभाग, स्वास्थ्य विभाग सहित विभिन्न सरकारी विभागों से संबंधित शिकायतें सामने आईं।
जिलाधिकारी ने सभी शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कई मामलों में उन्होंने मौके पर ही निर्णय लेते हुए राहत पहुंचाई, जबकि कुछ मामलों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।

अवैध कब्जों और भूमाफियाओं पर सख्त कार्रवाई का असर
जिले में प्रशासन द्वारा अवैध कब्जों और भूमाफियाओं के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का भी सकारात्मक प्रभाव दिखाई दे रहा है। बीते कुछ समय में प्रशासन ने सरकारी और निजी भूमि पर अवैध कब्जे करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की है। इसके चलते पीड़ित लोगों को राहत मिली है और शासन-प्रशासन की कार्यशैली के प्रति उनका विश्वास मजबूत हुआ है।
जिलाधिकारी द्वारा चलाए जा रहे अभियान का सबसे बड़ा संदेश यह है कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और जनहित के मामलों में प्रशासन किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेगा।
"गरीब का गृह प्रवेश" अभियान बना उम्मीद की नई किरण
जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ की पहल पर संचालित "गरीब का गृह प्रवेश" जैसे जनकल्याणकारी कार्यक्रम भी लोगों के बीच चर्चा का विषय बने हुए हैं। पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए प्रशासन सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है।
कई ऐसे परिवार, जो वर्षों से सरकारी योजनाओं का लाभ पाने के लिए भटक रहे थे, अब उन्हें राहत मिल रही है। यही कारण है कि लोगों के बीच यह संदेश तेजी से पहुंच रहा है कि यदि कोई समस्या है तो उसे सीधे प्रशासन के सामने रखा जा सकता है।

जनता दर्शन बना लोगों की पहली पसंद
गाजियाबाद में जनता दर्शन कार्यक्रम अब केवल एक औपचारिकता नहीं रह गया है, बल्कि आमजन के लिए अपनी समस्याएं रखने का सबसे भरोसेमंद मंच बन चुका है।
जनसुनवाई में लगातार बढ़ रही भीड़ इस बात का प्रमाण है कि लोग प्रशासन की संवेदनशीलता और जवाबदेही को महसूस कर रहे हैं। फरियादियों का मानना है कि अब उनकी बात सुनी भी जा रही है और उस पर कार्रवाई भी हो रही है।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, बड़ी संख्या में ऐसे मामले सामने आए हैं जिनका समाधान वर्षों से लंबित था, लेकिन जिलाधिकारी के हस्तक्षेप के बाद उनमें प्रगति हुई है।
हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचे योजनाओं का लाभ
जनसुनवाई के दौरान जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने कहा कि गरीब, वंचित और जरूरतमंद लोगों को योजनाओं से जोड़ना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि जनपद का समग्र विकास, सौंदर्यीकरण, आधारभूत सुविधाओं का विस्तार और पीड़ितों को न्याय दिलाना शासन-प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

जनता से की सीधी अपील
जिलाधिकारी ने मीडिया के माध्यम से नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि यदि किसी व्यक्ति को सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में कठिनाई हो रही है, किसी प्रकार का उत्पीड़न किया जा रहा है, सरकारी अथवा निजी भूमि पर अवैध कब्जा है या फिर प्रशासन से संबंधित कोई अन्य समस्या है, तो वह सीधे जनसुनवाई में आकर अपनी बात रख सकता है।
उन्होंने आश्वस्त किया कि जनहित से जुड़े प्रत्येक मामले में प्रशासन संवेदनशीलता और प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करेगा तथा पीड़ितों को न्याय दिलाने का हर संभव प्रयास किया जाएगा।
"जनता का शोषण किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं"
जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने दो टूक शब्दों में कहा कि राजस्व हानि और जनता का शोषण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रशासन पूरी पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ कार्य कर रहा है तथा आगे भी करता रहेगा।
उन्होंने कहा कि जनहित, जनसुविधा, विकास और पीड़ितों को न्याय दिलाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और भविष्य में भी यही प्राथमिकता बनी रहेगी।
जनता दर्शन कार्यक्रम के दौरान अपर जिलाधिकारी (भू-अर्जन), अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), अपर जिलाधिकारी (नगर), सिटी मजिस्ट्रेट सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।
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